अंबिकापुर। शहर के समीप महामाया पहाड़ से लगे बधियाचुआं और खैरबार इलाके में वन अधिकार पत्र में मिली भूमि बेचने का खुलासा हुआ है। अनधिकृत विक्रय में 7 लोगों को वन विभाग ने नोटिस जारी कर जमीन खाली करने को कहा है। इन्हें छह साल पहले वन भूमि का पट्टा मिला था। नियमानुसार इस जमीन की खरीदी-बिक्री नहीं होती, लेकिन कई लोगों ने जमीन बेच दी।
वन अधिकार भूमि की रजिस्ट्री नहीं होती, इसलिए स्टाम्प पेपर के माध्यम से भूमि विक्रय की गई है। इधर इसी इलाके के खैरबार, बधियाचुआं व डबरी पानी इलाके में वन भूमि पर 468 लोगों का अतिक्रमण मिला है। जांच हुई भूमि की रिपोर्ट प्रशासन को भेजी गई है। इनमें 8 लोगों को जून में बेदखल करना था। डीएफओ ने पत्र लिखकर कार्रवाई के लिए पुलिस बल मांगी थी परंतु बारिश के कारण कार्रवाई नहीं हो सकी।
सरगुजा डीएफओ पंकज कमल ने बताया कि वन अधिकार पत्र के तहत मिली जमीन को बेचने की शिकायत मिली थी। जांच में शिकायत सही मिलने के बाद जिला स्तरीय वन अधिकार समिति ने ऐसे लोगों का पट्टा निरस्त कर दिया है। सभी को नोटिस जारी कर कब्जा हटाने को कहा है, यदि स्वतः कब्जा नहीं हटाते हैं तो कार्रवाई होगी।वन अधिकार पत्र की जमीन बेचने के मामले में जिनको बेदखली का नोटिस जारी किया गया है उनमें खैरबार निवासी हरमुनिया,बालरूप, सुधीर राज चौहान, मेरी बधियाचुआं निवासी कल्याण कुजूर, रायल्लो बाई और बसंती शामिल हैं। शिकायत है यह भी है कि जिन लोगों ने जमीन खरीदी है, उनमें कई लोग अन्य राज्य के हैं।











