Search
Close this search box.

विलुप्त हो रहे वन्य जीवों को क्षेत्रीय वनरक्षकों से सुरक्षा नहीं : विलुप्त होते दुर्लभ वन्यजीव का 10 किलो खाल बरामद..

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

वास्तव में माजरा ध्यान आकर्षित कर चुका है कि दुर्लभ वन्यजीव की तस्करी क्षेत्रीय लोगों के द्वारा की जा रही है और क्षेत्रीय वन अधिकारियों द्वारा कार्यवाही न होकर बाहर की वन संरक्षक टीम एक माह की कड़ी मशक्कत के पश्चात क्षेत्रीय वन्यजीव तस्करों को लिया शिकंजे में।।

सरगुजा संभाग: प्रतापपुर। फिलहाल ही वन्यजीव तस्करों की गिरफ्तारी हुई जो एक महिने पूर्व ही वन्य प्राणी अपराध नियंत्रण ब्यूरो जबलपुर को जानकारी मिली थी कि सूरजपुर जिला अंतर्गत वन परिक्षेत्र घुई के कुछ लोग स्थानिय तस्कर विलुप्त होतेे प्रजाति के वन्य जीव पैंगोलिन के शल्क को बेचने के लिए ग्राहक की तलाश कर रहे हैं।

तस्करों ने खरीददार बने वन्य प्राणी अपराध नियंत्रण ब्यूरो की टीम को बनारस मार्ग पर स्थित ग्यारह नंबर मोड़ से रमकोला जाने वाले मार्ग के बीच स्थित कहुआ नाला के पास आने को कहा। लेन- देन का स्थान तय होने के बाद वन्य प्राणी अपराध नियंत्रण ब्यूरो की टीम ने इसकी जानकारी रायपुर में वन विभाग के उच्चाधिकारियों को दी थी। वन मुख्यालय के निर्देश पर वन मंडलाधिकारी संजय यादव ने वन्य प्राणी अपराध नियंत्रण ब्यूरो के साथ मिलकर उप वन मंडलाधिकारी आशुतोष भगत प्रतापपुर, रेंजर विनय कुमार टंडन प्रतापपुर, संस्कृति बार्ले – घु‌ई, डिप्टी रेंजर सुरेन्द्र सिंह – घुई सहित वन कर्मचारियों की विशेष टीम का गठन किया।

टीम साधारण वाहन व हुलिए के साथ आरोपितों के बताए स्थान कहुआ नाला के पास पहुंची तो वहां 3 लोग एक बोरी व दो मोटरसाइकिल के साथ खड़े दिखाई दिए, जिस पर टीम के कुछ सदस्य वाहन से उतरकर उनके पास पहुंचे और पैंगोलिन के शल्क खरीदने के संबंध में उनसे हुई बातचीत को बताया तो आरोपितों ने बोरी के अंदर शल्क होने की बात कही जिसके बाद टीम के सदस्यों ने आरोपितों को पैंगोलिन के दस किलो शल्क के साथ धरदबोचा और उन्हें घु‌ई ले आई जहां आरोपित चरकू पिता निवासी भेलकच्छ, तनगू व विजय निवासी दुलदुली से पूछताछ की। वन्य प्राणी पैंगोलिन का शिकार कर उसके शल्क की तस्करी करने के जुर्म में वन्य प्राणी संरक्षण अधिनियम के तहत अपराध दर्ज कर गिरफ्तार करते हुए कोर्ट में पेश किया जहां से आरोपित तस्करों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। तस्करों द्वारा वन विभाग की टीम को महत्त्वपूर्ण जानकारी प्राप्त हुई जिसका खुलासा अभी बाकी है।


writers team
Author: writers team

Leave a Comment

और पढ़ें

15 Best News Portal Development Company In India